शरीर को स्वस्थ और तंदुरुस्त बनाए रखने के लिए विटामिन्स और मिनरल्स की अहम भूमिका होती है। हम अपनी रोजमर्रा की डाइट से इन पोषक तत्वों की पूर्ति करते हैं, लेकिन कई बार सही जानकारी के अभाव में या लापरवाही के कारण शरीर में जरूरी विटामिन्स की कमी हो जाती है। वहीं, कुछ मामलों में इनका ज्यादा सेवन भी नुकसान पहुंचा सकता है। ऐसे में यह जानना बेहद जरूरी है कि कौन-कौन से विटामिन्स शरीर के लिए जरूरी हैं और उनकी सही मात्रा क्या होनी चाहिए।

विशेषज्ञों के अनुसार, विटामिन्स को दो कैटेगरी में बांटा जाता है—वॉटर सॉल्यूबल और फैट सॉल्यूबल। उम्र और लिंग के आधार पर इनकी जरूरत अलग-अलग होती है। उदाहरण के तौर पर 50 से 70 साल के पुरुषों को जहां रोज करीब 1000 मिलीग्राम की जरूरत होती है, वहीं महिलाओं को इसी उम्र में करीब 1200 मिलीग्राम की जरूरत होती है।

ऐसे 5 जरूरी पोषक तत्व जो शरीर के लिए बेहद अहम हैं:

आयरन (Iron):
आयरन इम्युन सिस्टम को मजबूत बनाने में मदद करता है और शरीर में कई एंजाइम्स के काम में अहम भूमिका निभाता है। यह एंटीऑक्सीडेंट की तरह भी काम करता है। इसके अच्छे स्रोत हैं—टूना मछली, ऑयस्टर, दालें, बीन्स और काजू। हालांकि, आयरन की अधिक मात्रा लेने से कब्ज की समस्या हो सकती है और शरीर के कुछ अंगों को नुकसान पहुंचने का खतरा भी बढ़ जाता है।

जिंक (Zinc):
जिंक भी इम्युन सिस्टम के लिए बहुत जरूरी होता है और शरीर के कई एंजाइम्स में शामिल रहता है। दूध, बेक्ड बीन्स और काबुली चना इसके प्रमुख स्रोत हैं। लेकिन अगर शरीर में जिंक की मात्रा ज्यादा हो जाए, तो इससे कॉपर की कमी हो सकती है, जो स्वास्थ्य के लिए सही नहीं है।

विटामिन A:
विटामिन ए आंखों, त्वचा और शरीर की अंदरूनी परतों (म्यूकस मेंब्रेन) के लिए जरूरी होता है। गाजर, कद्दू, पालक, शकरकंद और कॉड लिवर ऑयल इसके अच्छे स्रोत हैं। इसकी अधिक मात्रा लेने से त्वचा और हड्डियों पर नकारात्मक असर पड़ सकता है।

विटामिन C:
विटामिन सी शरीर के कनेक्टिव टिशू, हड्डियों, टेंडन और लिगामेंट्स के लिए जरूरी होता है। यह एक मजबूत एंटीऑक्सीडेंट भी है। संतरा, ग्रेपफ्रूट, स्ट्रॉबेरी, ब्रोकली और टमाटर में यह भरपूर मात्रा में पाया जाता है। ज्यादा मात्रा में लेने पर किडनी स्टोन का खतरा बढ़ सकता है।

कैल्शियम (Calcium):
कैल्शियम हड्डियों को मजबूत बनाने के साथ-साथ दिल की धड़कन, नसों और मांसपेशियों के सही काम के लिए जरूरी होता है। दूध, दही, चीज और ब्रोकली इसके अच्छे स्रोत हैं। लेकिन जरूरत से ज्यादा कैल्शियम लेने से किडनी पर असर पड़ सकता है और शरीर में अन्य मिनरल्स के अवशोषण में दिक्कत आ सकती है।

संतुलित मात्रा में विटामिन्स और मिनरल्स का सेवन ही शरीर को स्वस्थ रखता है। न तो इनकी कमी अच्छी है और न ही ज्यादा मात्रा। इसलिए अपनी डाइट को संतुलित रखें और जरूरत पड़ने पर डॉक्टर की सलाह जरूर लें।

Disclaimer: यह जानकारी सामान्य जागरूकता के लिए है। किसी भी तरह की स्वास्थ्य समस्या या सप्लीमेंट लेने से पहले डॉक्टर से सलाह जरूर लें।

 

 

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