उत्तर प्रदेश के रामपुर में चर्चित ‘दो पैन कार्ड’ मामले में सोमवार को अहम सुनवाई हुई। इस केस में समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता Azam Khan और उनके बेटे Abdullah Azam Khan की सजा के खिलाफ दायर अपील पर सेशन कोर्ट में सुनवाई पूरी हो गई है। अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अपना फैसला सुरक्षित रख लिया है। अब इस मामले में अंतिम निर्णय 20 अप्रैल 2026 को सुनाया जाएगा।
यह मामला काफी समय से चर्चा में बना हुआ है। आरोप है कि आजम खान और अब्दुल्ला आजम के पास दो-दो पैन कार्ड थे, जो नियमों के खिलाफ है। इस मामले में निचली अदालत ने दोनों को दोषी ठहराते हुए सजा सुनाई थी, जिसके खिलाफ उन्होंने सेशन कोर्ट में अपील दाखिल की थी।
सोमवार को हुई सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष और अभियोजन पक्ष दोनों ने अपनी-अपनी दलीलें विस्तार से अदालत के सामने रखीं। बचाव पक्ष ने सजा को चुनौती देते हुए इसे निरस्त करने की मांग की, जबकि अभियोजन पक्ष ने निचली अदालत के फैसले को सही ठहराया। दोनों पक्षों की बहस पूरी होने के बाद कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रखने का निर्णय लिया।
फिलहाल आजम खान और उनके बेटे अब्दुल्ला आजम रामपुर जिला जेल में बंद हैं। इस केस को लेकर राजनीतिक हलकों में भी काफी हलचल है, क्योंकि यह मामला एक बड़े राजनीतिक परिवार से जुड़ा हुआ है। आने वाला फैसला दोनों नेताओं के राजनीतिक भविष्य के लिए अहम माना जा रहा है।
20 अप्रैल को जब कोर्ट अपना फैसला सुनाएगी, तब यह साफ हो जाएगा कि सजा बरकरार रहती है या इसमें कोई राहत मिलती है। इस फैसले पर न सिर्फ कानूनी बल्कि राजनीतिक नजरें भी टिकी हुई हैं।
इस पूरे मामले ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि सरकारी दस्तावेजों के इस्तेमाल में पारदर्शिता और नियमों का पालन कितना जरूरी है। अब सभी की नजरें 20 अप्रैल पर टिकी हैं, जब इस चर्चित केस का फैसला सामने आएगा।



