काराकाट से निर्दलीय चुनाव लड़ रहीं ज्योति सिंह पर आचार संहिता उल्लंघन का आरोप
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के बीच भोजपुरी सुपरस्टार पवन सिंह की पत्नी और काराकाट विधानसभा क्षेत्र की निर्दलीय प्रत्याशी ज्योति सिंह विवादों में आ गई हैं। बिक्रमगंज पुलिस ने उनके खिलाफ प्राथमिकी (FIR) दर्ज की है। इस एफआईआर में ज्योति सिंह के माता-पिता, भाई-बहन समेत कुल 18 लोगों का नाम शामिल है। मामला 11 नवंबर की रात बिना अनुमति के होटल में ठहरने से जुड़ा हुआ है।
निर्वाचनी पदाधिकारी प्रभात कुमार द्वारा दर्ज कराई गई यह एफआईआर आचार संहिता उल्लंघन (Model Code of Conduct Violation) के तहत की गई है। अधिकारियों का कहना है कि चुनाव प्रचार समाप्त होने के बाद भी होटल में ठहराव आचार संहिता का उल्लंघन है।
बिना अनुमति होटल में ठहरने का मामला
जानकारी के अनुसार, 11 नवंबर की देर रात करीब 12:25 बजे बिक्रमगंज एसडीओ और काराकाट विधानसभा क्षेत्र के निर्वाचनी पदाधिकारी प्रभात कुमार ने डेहरी रोड स्थित मां विंध्यवासिनी होटल में छापेमारी की। उस समय ज्योति सिंह अपने परिवार और राज्य से बाहर आए अन्य समर्थकों के साथ होटल में ठहरी हुई थीं।
निर्वाचनी पदाधिकारी ने बताया कि छापेमारी के दौरान तीन गाड़ियां मौके पर पाई गईं। इनमें से दो गाड़ियों की अनुमति 9 नवंबर को ही समाप्त हो गई थी, लेकिन उनका चुनावी अवधि में उपयोग किया जा रहा था। अधिकारियों का कहना है कि जांच के दौरान प्रत्याशी और उनके समर्थकों ने सहयोग नहीं किया और जांच में बाधा डाली।
अधिकारियों पर लगाए आरोप
इस मामले में ज्योति सिंह ने आरोप लगाया कि छापेमारी के दौरान अधिकारियों ने महिलाओं के कमरे में जबरन प्रवेश किया। हालांकि, एसडीओ प्रभात कुमार ने इसे खारिज किया। उनका कहना है कि जब होटल का दरवाजा खोला गया, तो महिलाएं कमरे में थीं, लेकिन अधिकारी दरवाजे पर ही रुके और अंदर नहीं गए।
घटना के बाद ज्योति सिंह ने सोशल मीडिया पर वीडियो शेयर किया, जिसमें उन्होंने प्रशासन पर राजनीतिक षड्यंत्र का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, “मुझे चुनावी तौर पर कमजोर करने के लिए प्रशासन ने बिना महिला पुलिस के होटल में छापेमारी की। मुझे घंटों परेशान किया गया।”
एसडीएम प्रभात कुमार ने वीडियो वायरल होने के बाद मीडिया को बताया कि यह कानूनी प्रक्रिया के तहत की गई कार्रवाई है और किसी को भी कानून से ऊपर नहीं माना जाएगा।
FIR दर्ज और जांच जारी
बिक्रमगंज थाना प्रभारी ललन कुमार ने बताया कि एसडीओ के आवेदन पर बिक्रमगंज थाना कांड संख्या 765/25 दर्ज कर ली गई है। मामले की जांच अभी जारी है और सभी आरोपियों से पूछताछ की जा रही है।
चुनावी प्रक्रिया और आचार संहिता के उल्लंघन के इस मामले ने काराकाट विधानसभा क्षेत्र में राजनीतिक हलचल बढ़ा दी है। निर्दलीय प्रत्याशी ज्योति सिंह के लिए यह विवाद चुनाव प्रचार में चुनौती बन सकता है।
चुनावी पृष्ठभूमि
ज्योति सिंह काराकाट से निर्दलीय प्रत्याशी हैं और पवन सिंह की पत्नी होने के कारण भी मीडिया में लगातार सुर्खियों में रहती हैं। इस एफआईआर ने उनके चुनावी अभियान पर सवाल उठाए हैं और राजनीतिक विरोधियों को उन्हें निशाना बनाने का मौका दिया है।
ज्योति सिंह और उनके समर्थकों पर दर्ज यह FIR चुनावी आचार संहिता उल्लंघन के तहत की गई कार्रवाई है। यह मामला बिहार चुनाव की प्रक्रिया और कानून के पालन को लेकर चर्चा का विषय बन गया है। पुलिस और चुनाव अधिकारियों की जांच अभी जारी है, और आगे की कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।



